छत्तीसगढ़राज्य

विश्व आदिवासी दिवस: धरसींवा विधायक अनुज शर्मा ने चरौदा में किया आदिवासी संस्कृति को नमन

रायपुर, 16 अगस्त 2025:

धरसींवा विधानसभा के ग्राम चरौदा में विश्व आदिवासी दिवस के अवसर पर आदिवासी ध्रुव गोंड़ समाज द्वारा आयोजित भव्य कार्यक्रम में विधायक अनुज शर्मा मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। इस अवसर पर उन्होंने आदिवासी समुदाय की समृद्ध संस्कृति और उनके योगदान की सराहना करते हुए उन्हें बधाई और शुभकामनाएं दीं।

प्रकृति के सच्चे सेवक हैं आदिवासी: अनुज शर्मा

विधायक अनुज शर्मा ने अपने संबोधन में कहा, “आदिवासी समाज सदियों से प्रकृति की उपासना करता आ रहा है और हमारी सभ्यता व संस्कृति को अक्षुण्ण बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। जल, जंगल और जमीन के संरक्षण में आदिवासी भाई-बहन प्रकृति के सच्चे सेवक रहे हैं। हमारी स्वर्णिम इतिहास की धरोहर को थामे रखने वाले आप सभी राष्ट्र और समाज के उत्थान में महत्वपूर्ण योगदान दे रहे हैं।”

उन्होंने छत्तीसगढ़ की विष्णु देव साय सरकार के प्रयासों का उल्लेख करते हुए कहा कि सरकार आदिवासी समुदाय की नई पीढ़ी के विकास, उनकी संस्कृति के संरक्षण और सर्वांगीण उत्थान के लिए निरंतर कार्य कर रही है। उन्होंने जोर देकर कहा कि विश्व आदिवासी दिवस का उद्देश्य आदिवासी समुदाय के अधिकारों की रक्षा करना, उनके योगदान को मान्यता देना और उनकी चुनौतियों पर ध्यान केंद्रित करना है।

आदिवासी संस्कृति और पर्यावरण संरक्षण में योगदान

अनुज शर्मा ने कहा, “आदिवासी समाज न केवल अपनी संस्कृति और परंपराओं को संजोए हुए है, बल्कि पर्यावरण संरक्षण, प्राकृतिक संसाधनों के सतत उपयोग और सामाजिक विकास में भी महत्वपूर्ण योगदान दे रहा है। हमें इस दिवस पर संकल्प लेना चाहिए कि हम उनकी भाषा, संस्कृति, परंपरा, इतिहास और अधिकारों का सम्मान करेंगे तथा उनके विकास में योगदान देंगे।”

कार्यक्रम में उपस्थित गणमान्य

कार्यक्रम में विधायक अनुज शर्मा, जनपद अध्यक्ष शकुंतला ढिलेन्द्र सेन, आदिवासी समाज के वरिष्ठजन, कार्यकर्ता और ग्रामवासी उपस्थित रहे। यह आयोजन आदिवासी समुदाय की एकता और उनके सांस्कृतिक गौरव को दर्शाने वाला एक शानदार मंच साबित हुआ।

विश्व आदिवासी दिवस का महत्व

विश्व आदिवासी दिवस प्रत्येक वर्ष 9 अगस्त को मनाया जाता है, जिसका उद्देश्य विश्व भर में आदिवासी समुदायों के अधिकारों, उनकी संस्कृति और योगदान को बढ़ावा देना है। छत्तीसगढ़, जो अपनी समृद्ध आदिवासी संस्कृति के लिए जाना जाता है, में इस दिन को विशेष उत्साह के साथ मनाया जाता है।

निष्कर्ष: विधायक अनुज शर्मा ने एक बार फिर आदिवासी समुदाय को विश्व आदिवासी दिवस की हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं दीं, साथ ही उनकी प्रगति और खुशहाली के लिए अपनी प्रतिबद्धता दोहराई। यह आयोजन छत्तीसगढ़ की अक्षुण्ण आदिवासी संस्कृति को नमन करने का एक अवसर था।

धरसींवा विधानसभा के ग्राम चरौदा में विश्व आदिवासी दिवस के अवसर पर आदिवासी ध्रुव गोंड़ समाज द्वारा आयोजित भव्य कार्यक्रम में विधायक अनुज शर्मा मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। इस अवसर पर उन्होंने आदिवासी समुदाय की समृद्ध संस्कृति और उनके योगदान की सराहना करते हुए उन्हें बधाई और शुभकामनाएं दीं।

प्रकृति के सच्चे सेवक हैं आदिवासी: अनुज शर्मा

विधायक अनुज शर्मा ने अपने संबोधन में कहा, “आदिवासी समाज सदियों से प्रकृति की उपासना करता आ रहा है और हमारी सभ्यता व संस्कृति को अक्षुण्ण बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। जल, जंगल और जमीन के संरक्षण में आदिवासी भाई-बहन प्रकृति के सच्चे सेवक रहे हैं। हमारी स्वर्णिम इतिहास की धरोहर को थामे रखने वाले आप सभी राष्ट्र और समाज के उत्थान में महत्वपूर्ण योगदान दे रहे हैं।”

उन्होंने छत्तीसगढ़ की विष्णु देव साय सरकार के प्रयासों का उल्लेख करते हुए कहा कि सरकार आदिवासी समुदाय की नई पीढ़ी के विकास, उनकी संस्कृति के संरक्षण और सर्वांगीण उत्थान के लिए निरंतर कार्य कर रही है। उन्होंने जोर देकर कहा कि विश्व आदिवासी दिवस का उद्देश्य आदिवासी समुदाय के अधिकारों की रक्षा करना, उनके योगदान को मान्यता देना और उनकी चुनौतियों पर ध्यान केंद्रित करना है।

आदिवासी संस्कृति और पर्यावरण संरक्षण में योगदान

अनुज शर्मा ने कहा, “आदिवासी समाज न केवल अपनी संस्कृति और परंपराओं को संजोए हुए है, बल्कि पर्यावरण संरक्षण, प्राकृतिक संसाधनों के सतत उपयोग और सामाजिक विकास में भी महत्वपूर्ण योगदान दे रहा है। हमें इस दिवस पर संकल्प लेना चाहिए कि हम उनकी भाषा, संस्कृति, परंपरा, इतिहास और अधिकारों का सम्मान करेंगे तथा उनके विकास में योगदान देंगे।”

कार्यक्रम में उपस्थित गणमान्य

कार्यक्रम में विधायक अनुज शर्मा, जनपद अध्यक्ष शकुंतला ढिलेन्द्र सेन, आदिवासी समाज के वरिष्ठजन, कार्यकर्ता और ग्रामवासी उपस्थित रहे। यह आयोजन आदिवासी समुदाय की एकता और उनके सांस्कृतिक गौरव को दर्शाने वाला एक शानदार मंच साबित हुआ।

विश्व आदिवासी दिवस का महत्व

विश्व आदिवासी दिवस प्रत्येक वर्ष 9 अगस्त को मनाया जाता है, जिसका उद्देश्य विश्व भर में आदिवासी समुदायों के अधिकारों, उनकी संस्कृति और योगदान को बढ़ावा देना है। छत्तीसगढ़, जो अपनी समृद्ध आदिवासी संस्कृति के लिए जाना जाता है, में इस दिन को विशेष उत्साह के साथ मनाया जाता है।

निष्कर्ष: विधायक अनुज शर्मा ने एक बार फिर आदिवासी समुदाय को विश्व आदिवासी दिवस की हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं दीं, साथ ही उनकी प्रगति और खुशहाली के लिए अपनी प्रतिबद्धता दोहराई। यह आयोजन छत्तीसगढ़ की अक्षुण्ण आदिवासी संस्कृति को नमन करने का एक अवसर था।

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