छत्तीसगढ़राज्य

रामलला तीर्थ दर्शन योजना: छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक चेतना को सशक्त करने की ऐतिहासिक पहल

रायपुर, 11 अगस्त 2025:

छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा शुरू की गई रामलला दर्शन योजना के तहत आज रायपुर रेलवे स्टेशन से रायपुर संभाग के श्रद्धालु विशेष ट्रेन के माध्यम से अयोध्या धाम के दर्शन के लिए रवाना हुए। इस पवित्र यात्रा का शुभारंभ धरसींवा विधायक अनुज शर्मा की उपस्थिति में हुआ, जिन्होंने सभी श्रद्धालुओं को हार्दिक शुभकामनाएं दीं और उनकी यात्रा के मंगलमय होने की कामना की।

विष्णु देव साय सरकार की पुण्य पहल

इस अवसर पर विधायक अनुज शर्मा ने कहा, “हमारी विष्णु देव साय सरकार द्वारा शुरू की गई रामलला दर्शन योजना केवल एक धार्मिक यात्रा नहीं, बल्कि छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक चेतना को सशक्त करने की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम है। इस योजना के माध्यम से श्रद्धालुओं को हमारे ‘भांचा राम’ के दर्शन का सौभाग्य प्राप्त हो रहा है। यह यात्रा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी की उस गारंटी को साकार करती है, जिसमें उन्होंने प्रत्येक नागरिक को प्रभु राम के दर्शन का अवसर प्रदान करने का संकल्प लिया था।”

काशी विश्वनाथ धाम के दर्शन का भी अवसर

इस यात्रा के अंतर्गत श्रद्धालुओं को अयोध्या धाम के साथ-साथ काशी विश्वनाथ धाम के दर्शन का भी सौभाग्य प्राप्त होगा। सरकार का उद्देश्य है कि प्रदेश का प्रत्येक नागरिक, विशेषकर बुजुर्ग और वंचित वर्ग, अपने जीवन में कम से कम एक बार प्रभु राम के जन्मस्थान के दर्शन कर सके।

एक सांस्कृतिक और आध्यात्मिक पहल

अनुज शर्मा ने आगे कहा, “रामलला तीर्थ दर्शन योजना केवल धार्मिक यात्रा तक सीमित नहीं है। यह छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक और आध्यात्मिक चेतना को मजबूत करने का एक अनूठा प्रयास है। यह योजना प्रदेशवासियों की आस्था और श्रद्धा को मूर्त रूप प्रदान करती है।”

शुभारंभ समारोह में प्रमुख हस्तियों की उपस्थिति

इस अवसर पर विधायक सुनील सोनी, मोतीलाल साहू, छत्तीसगढ़ पर्यटन मंडल की अध्यक्ष नीलू शर्मा, जिला पंचायत अध्यक्ष नवीन अग्रवाल, जिला सीईओ रायपुर, संचालक संस्कृति एवं पर्यटन विभाग सहित रेलवे और IRCTC के वरिष्ठ प्रतिनिधि उपस्थित रहे।

सरकार का संकल्प: हर नागरिक को दर्शन का अवसर

छत्तीसगढ़ सरकार की इस निःशुल्क योजना के तहत प्रदेश के हर कोने से श्रद्धालुओं को अयोध्या ले जाया जा रहा है। यह पहल न केवल धार्मिक महत्व की है, बल्कि यह सामाजिक समावेशिता और सांस्कृतिक एकता को भी बढ़ावा दे रही है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
error: Content is protected !!