
बालोद जिले में पिछले 24 घंटों में साइबर अपराधियों ने बड़े पैमाने पर हमला बोला है। जिले के विभिन्न व्हाट्सएप ग्रुपों में एक संदिग्ध APK फाइल तेजी से वायरल हो रही है, जिसे डाउनलोड करते ही मोबाइल फोन हैक हो रहे हैं। इस साइबर हमले का शिकार अब तक सैकड़ों लोग बन चुके हैं, जिनमें भाजपा मंडल अध्यक्ष और स्थानीय व्यापारी भी शामिल हैं।
हमले का तरीका
गुरुवार को साइबर अपराधियों ने शादी के कार्ड के निमंत्रण के बहाने यह संदिग्ध APK फाइल व्हाट्सएप ग्रुपों में भेजी। फाइल को खोलते ही लोगों के मोबाइल फोन हैंग हो गए और उनके व्हाट्सएप अकाउंट हैक हो गए। शुक्रवार को अपराधियों ने रणनीति बदलकर प्रधानमंत्री आवास योजना की सूची के नाम पर वही फाइल भेजी। लिंक पर क्लिक करते ही मोबाइल पूरी तरह साइबर अपराधियों के नियंत्रण में चले गए।
पीड़ितों का अनुभव
शुक्रवार शाम 5 बजे शहर के व्यापारी सुनील जैन ने बताया कि उनके व्हाट्सएप पर भेजी गई एक फाइल को खोलते ही उनका मोबाइल लॉक हो गया और सभी फंक्शन काम करना बंद कर दिए। इसी तरह, आमापारा निवासी शिव कुमार देशलहरे के मोबाइल और व्हाट्सएप अकाउंट पर हैकरों ने कब्जा कर लिया। हैकरों ने उनके बैंक खाते से 1 लाख रुपये निकाल लिए।
साइबर अपराध का बढ़ता खतरा
यह घटना जिले में साइबर अपराध के बढ़ते खतरे को दर्शाती है। साइबर अपराधी नई-नई तकनीकों का उपयोग कर लोगों को ठग रहे हैं। इस हमले ने न केवल व्यक्तिगत डेटा को खतरे में डाला, बल्कि कई लोगों को आर्थिक नुकसान भी पहुंचाया है।
पुलिस और प्रशासन से अपील
पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वे किसी भी अनजान लिंक या फाइल को डाउनलोड करने से बचें और ऐसी घटनाओं की तुरंत शिकायत नजदीकी थाने में दर्ज कराएं। जिले में साइबर सेल को सक्रिय कर इस मामले की जांच शुरू कर दी गई है।
सावधानी का संदेश
यह साइबर हमला डिजिटल सुरक्षा के प्रति जागरूकता की जरूरत को रेखांकित करता है। लोगों को सलाह दी जा रही है कि वे अनजान स्रोतों से प्राप्त फाइलों को न खोलें और अपने मोबाइल डिवाइस में एंटीवायरस सॉफ्टवेयर का उपयोग करें।




